उत्तर प्रदेश

लखनऊ में सम्पन्न हुआ योग गौरव सम्मान 2026 योग क्षेत्र की उत्कृष्ट प्रतिभाओं का हुआ सम्मान

Rahul Kumar Chief Editor News Speed Live

लखनऊ, 19 जून 2026। स्वस्थ, जागरूक एवं सशक्त समाज के निर्माण में योग के योगदान को सम्मानित करने के उद्देश्य से सदस्य विधान परिषद एवं क्रीड़ा भारती उत्तर प्रदेश के अध्यक्ष इंजी. अवनीश कुमार सिंह द्वारा आयोजित ‘योग गौरव सम्मान 2026’ कार्यक्रम का सफलतापूर्वक आयोजन विश्वेश्वरैया हॉल, हजरतगंज, लखनऊ में सम्पन्न हुआ।

 

‘अवनीश योग संकल्प’ अभियान के अंतर्गत आयोजित इस भव्य समारोह में योग के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले योगाचार्यों, प्रशिक्षकों, शोधकर्ताओं एवं योग साधकों को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य योग के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाना तथा योग के माध्यम से स्वस्थ समाज के निर्माण के लिए कार्य कर रहे व्यक्तित्वों का उत्साहवर्धन करना था।

 

योग भारत की प्राचीन सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक विरासत का अमूल्य उपहार है, जिसे आज सम्पूर्ण विश्व ने अपनाया है। योग केवल शारीरिक व्यायाम नहीं, बल्कि शरीर, मन और आत्मा के संतुलन का विज्ञान है। वर्तमान समय में बढ़ती जीवनशैली संबंधी समस्याओं, तनाव और मानसिक चुनौतियों के बीच योग एक प्रभावी एवं प्राकृतिक समाधान के रूप में उभरकर सामने आया है। नियमित योगाभ्यास व्यक्ति को स्वस्थ, अनुशासित, सकारात्मक एवं ऊर्जावान जीवन जीने की प्रेरणा देता है।

 

कार्यक्रम में योग गुरु डॉ. रविन्द्र मोहन आचार्य एवं भारत स्वाभिमान ट्रस्ट एवं पतंजलि योगपीठ, हरिद्वार के राज्य प्रभारी स्वामी अभिषेक देव जी विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। अतिथियों ने अपने संबोधन में योग को भारतीय संस्कृति की अमूल्य धरोहर बताते हुए इसे दैनिक जीवन का अभिन्न अंग बनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि योग न केवल व्यक्तिगत स्वास्थ्य बल्कि सामाजिक समरसता, मानसिक शांति और राष्ट्रीय उत्थान का भी सशक्त माध्यम है।

 

इस अवसर पर विभिन्न सामाजिक, शैक्षिक एवं योग संस्थाओं से जुड़े गणमान्य व्यक्तियों, योग प्रशिक्षकों, योग साधकों एवं युवाओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। समारोह में योग के प्रचार-प्रसार एवं जनकल्याण के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले अनेक व्यक्तित्वों को ‘योग गौरव सम्मान 2026’ से सम्मानित किया गया।

 

*अपने संबोधन में इंजी. अवनीश कुमार सिंह ने कहा* कि योग केवल शारीरिक स्वास्थ्य का साधन नहीं, बल्कि मानसिक, बौद्धिक एवं आध्यात्मिक उन्नति का भी प्रभावी माध्यम है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों से योग को वैश्विक पहचान मिली है और आज विश्व के करोड़ों लोग योग को अपनी जीवनशैली का हिस्सा बना रहे हैं। समाज में योग के प्रति बढ़ती जागरूकता भारत की सांस्कृतिक विरासत को और अधिक सशक्त बनाने का कार्य कर रही है तथा योग क्षेत्र में कार्यरत व्यक्तित्वों का सम्मान करना हम सभी की जिम्मेदारी है।

 

कार्यक्रम में योग गुरु डॉ. रविन्द्र मोहन आचार्य, भारत स्वाभिमान ट्रस्ट एवं पतंजलि योगपीठ, हरिद्वार के राज्य प्रभारी स्वामी अभिषेक देव जी तथा श्रीमती गीता सिंह, संस्थापक एवं अध्यक्ष, स्त्री इंडिया स्पोर्ट्स फाउंडेशन विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं।

 

*इस अवसर पर अपने विचार व्यक्त करते हुए श्रीमती गीता सिंह ने कहा कि,* “योग केवल एक शारीरिक क्रिया नहीं, बल्कि स्वस्थ, संतुलित और सकारात्मक जीवन का आधार है। ‘योग गौरव सम्मान 2026’ जैसे आयोजन योग के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य कर रहे व्यक्तित्वों को सम्मानित करने के साथ-साथ समाज में योग के प्रति जागरूकता बढ़ाने का महत्वपूर्ण कार्य कर रहे हैं। आज की भागदौड़ भरी जीवनशैली में योग को अपनाकर हम न केवल स्वयं को स्वस्थ रख सकते हैं, बल्कि एक सशक्त और जागरूक समाज के निर्माण में भी योगदान दे सकते हैं।”

 

कार्यक्रम का समापन सभी अतिथियों, सम्मानित प्रतिभागियों एवं उपस्थित जनसमूह के प्रति आभार ज्ञापित करते हुए हुआ।

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!