बीटा-1 सेक्टर की सुरक्षा और बदहाल सर्विस रोड का मुद्दा उठा, RWA की मासिक समीक्षा बैठक में कई अहम फैसले
Rahul Kumar Chief Editor News Speed Live

ग्रेटर नोएडा, 6 सितंबर। सेक्टर बीटा-1 स्थित सामुदायिक केंद्र में रविवार को आरडब्ल्यूए बीटा-1 की मासिक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता आरडब्ल्यूए अध्यक्ष संगीता शर्मा ने की, जबकि संचालन महासचिव हरेन्द्र भाटी द्वारा किया गया। बैठक में सेक्टर की सुरक्षा, यातायात व्यवस्था, टूटी सर्विस रोड और मेंटेनेंस चार्ज समेत कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई।
बैठक में सेक्टर बीटा-1 की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए सेक्टर की चारदीवारी कराए जाने की आवश्यकता पर जोर दिया गया। पदाधिकारियों ने कहा कि सेक्टर की सुरक्षा को देखते हुए चारदीवारी जरूरी है। इसके साथ ही सुरक्षा व्यवस्था को और पुख्ता करने के लिए सेक्टर में सीसीटीवी कैमरे लगाए जाने का भी निर्णय लिया गया।
वहीं, बीटा प्लाजा के सामने लगने वाले ट्रैफिक जाम की समस्या भी बैठक में प्रमुखता से उठाई गई। आरडब्ल्यूए पदाधिकारियों ने इस समस्या के समाधान के लिए ट्रैफिक पुलिस को बुलाकर जल्द यातायात व्यवस्था दुरुस्त कराने की बात कही।
बैठक में सेक्टरवासियों से मेंटेनेंस चार्ज लिए जाने को लेकर भी चर्चा हुई। इस दौरान कोषाध्यक्ष एडवोकेट विपिन भाटी ने आरडब्ल्यूए के आय-व्यय का ब्यौरा प्रस्तुत किया।
इसके अलावा सेक्टर बीटा-1 में गेट नंबर 2 से गेट नंबर 5 तक टूटी हुई सर्विस रोड का मुद्दा भी गंभीरता से उठाया गया। आरडब्ल्यूए की ओर से ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के सीईओ एनजी रविकुमार, एसीईओ लक्ष्मी, डीजीएम विजय रावल तथा वरिष्ठ प्रबंधक राजेश निम को ज्ञापन सौंपकर सड़क की मरम्मत कराने और सेक्टर की अन्य समस्याओं से अवगत कराने का निर्णय लिया गया।
बैठक में जल्द ही ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण और आरडब्ल्यूए के बीच बैठक आयोजित कराने पर भी विचार किया गया, ताकि सेक्टर की लंबित समस्याओं का जल्द समाधान कराया जा सके।
बैठक में संरक्षक शीतला प्रसाद, देवी शरण शर्मा, विनोद कसाना, अध्यक्ष संगीता शर्मा, महासचिव हरेन्द्र भाटी, कोषाध्यक्ष एडवोकेट विपिन भाटी, सचिव ओम प्रकाश शर्मा, सलाहकार रेशपाल सिंह, रामबीर सिंह, सिद्धार्थ सिंह, धर्मेंद्र सिंह, अनवर हुसैन, राजेन्द्र सिंह, जयपाल सिंह और सदस्य सुरेन्द्र कुमार सैनी सहित अन्य पदाधिकारी एवं सदस्य मौजूद रहे।
आरडब्ल्यूए पदाधिकारियों ने कहा कि सेक्टरवासियों की समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर संबंधित अधिकारियों के सामने उठाकर उनके समाधान का प्रयास किया जाएगा।




